‘स्कूल में मैम पढ़ाती नहीं हैं। दिनभर फोन चलाती हैं। बड़े छात्र छोटे बच्चों को पीटते हैं। पूरे वक्त बच्चे ग्राउंड में खेलते रहते हैं। हमारे भविष्य का क्या होगा?’ कानपुर देहात में सरकारी स्कूल में पढ़ाई न होने की शिकायत लेकर 7वीं कक्षा का छात्र पुलिस चौकी पहुंच गया। 12 साल के बच्चे की बातें सुनकर पुलिसकर्मी हैरान रह गए। एक हेड कांस्टेबल उसे लेकर स्कूल पहुंचे तो उनके सामने ही महिला टीचर छात्र को डांटने लगी। फिर उन्होंने टीचर को समझाया और ऐसा न करने की हिदायत दी। मामला 10 अगस्त का है, जिसका वीडियो गुरुवार को सामने आया। छात्र जिला मुख्यालय से करीब 30 किमी दूर रसधान के सरकारी कंपोजिट स्कूल में पढ़ता है। बीएसए के निर्देश पर प्रधानाध्यापक और आरोपी शिक्षिका को नोटिस जारी किया गया है। मामले की 2 तस्वीरें देखिए- अब सिलसिलेवार तरीके से पूरा मामला समझ लीजिए- पुलिसवालों के सामने छात्र और टीचर के बीच हुई बातचीत पढ़िए- शिक्षिका: पुलिस के पास क्यों गए? जो भी परेशानी है, सीधे मुझसे कहो। छात्र: आप सुनती ही नहीं हैं। किससे कहें? शिक्षिका: हम नहीं सुनते हैं? अभी इतना मारेंगे, मार-मारकर दिमाग सही कर देंगे तुम्हारा। (शिक्षिका के भड़कने पर पुलिसकर्मियों ने उन्हें बच्चे से इस तरह बात करने से रोका। इसके बाद दोनों को समझाकर पुलिसकर्मी वापस लौट गए।) बीएसए के निर्देश पर प्रधानाध्यापक और शिक्षिका को नोटिस वीडियो सामने आने के बाद बीएसए आशीष पांडेय के निर्देश पर खंड शिक्षा अधिकारी (बीईओ) ने स्कूल पहुंचकर जांच की। उन्होंने छात्रों और स्कूल स्टाफ से बातचीत की और अपनी रिपोर्ट बीएसए को सौंपी। बीएसए ने प्रधानाध्यापक अनुपम कुमार और टीचर सायमा खां को शोकॉज नोटिस जारी कर बीएसए कार्यालय बुलाया है। बीईओ के मुताबिक, कुछ छात्रों ने शिकायतकर्ता छात्र की पिटाई की थी। वह इसकी शिकायत करने टीचर के पास गया, लेकिन उस समय शिक्षिका फोन पर बात कर रही थीं। उन्होंने उसकी बात नहीं सुनी। इसी बात से नाराज होकर छात्र पुलिस चौकी पहुंच गया। इस भास्कर पोल में हिस्सा लेकर अपनी राय दीजिए- चौकी प्रभारी बोले- पढ़ाई नहीं होने की शिकायत थी रसधान चौकी प्रभारी प्रशांत सिंह ने बताया- एक बच्चा शिकायत लेकर चौकी आया था। हम उसके साथ स्कूल गए। मामला गंभीर नहीं था, लेकिन पुलिसकर्मियों के सामने अध्यापिका ने जिस तरह बच्चे को डांटा, वह गलत है। बीएसए बोले- बच्चों के बीच विवाद था बेसिक शिक्षा अधिकारी आशीष पांडेय ने कहा- बच्चों के बीच विवाद था। पुलिस चौकी स्कूल से बिल्कुल लगी हुई है, इसलिए बच्चा वहां चला गया। बच्चे के माता-पिता को भी स्कूल बुलाया गया था। उनके अनुसार बच्चा थोड़ा आक्रामक हो जाता है। फिलहाल उसे समझा दिया गया है। स्कूल स्टाफ से भी जवाब मांगा गया है। —————————– ये खबर भी पढ़िए- डॉक्टर के 8वीं मंजिल से कूदकर सुसाइड करने का CCTV:लिखा- मौत की जिम्मेदार ठग गरिमा; गोरखपुर में बेटी बोली- पापा लौट आओ
मेरी मौत की जिम्मेदार गरिमा सिंह और उसका गिरोह है…गुरुवार सुबह यह लाइन एक कागज पर लिखकर डॉ. परमात्मा सिंह ने सुसाइड कर लिया। वह सुबह 9:10 बजे अपने फ्लैट से निकले। सुसाइड नोट को पैंट की दाएं जेब में डाला और तेजी से पहले नीचे पार्क में गए। करीब 9:13 बजे पार्क से बेसमेंट की तरफ गए, वहां से लिफ्ट से 8वीं मंजिल पर पहुंचे। फिर सीढ़ियों के सहारे छत पर गए। पूरी खबर पढ़ें…
सरकारी स्कूल में टीचर दिनभर फोन चलाती, छात्र थाने पहुंचा:कानपुर पुलिस से कहा- मैम पढ़ाती ही नहीं हैं, हमारे भविष्य का क्या होगा
