एफएलएन प्रशिक्षण के प्रथम चक्र का हुआ समापन ।
दीनशाह गौरा , रायबरेली । ब्लॉक संसाधन केंद्र , दीनशाह गौरा में आयोजित फाउंडेशनल लिटरेसी एंड न्यूमेरेसी (एफएलएन) प्रशिक्षण कार्यक्रम का प्रथम चक्र सफलतापूर्वक संपन्न हो गया । इस चक्र में कुल 100 शिक्षक तथा शिक्षिकाओं ने प्रशिक्षण प्राप्त किया ।
प्रशिक्षण कार्यक्रम में प्राथमिक विद्यालयों के शिक्षकों एवं शिक्षामित्रों ने उत्साहपूर्वक प्रतिभाग किया । प्रशिक्षण के दौरान भाषा और गणित की बुनियादी दक्षताओं के विकास, गतिविधि आधारित शिक्षण, खेल-खेल में सीखने की प्रक्रिया तथा बच्चों में तार्किक एवं रचनात्मक सोच विकसित करने पर विशेष बल दिया गया । प्रशिक्षण के संदर्भदाता एआरपी सुधीर शुक्ला , श्याम शंकर त्रिवेदी , सौरभ , संतोष मौर्य द्वारा शिक्षकों को एफएलएन के विभिन्न आयामों से अवगत कराया गया । प्रशिक्षण सत्रों में नवीन शिक्षण तकनीकों, टीएलएम के प्रभावी उपयोग, कक्षा शिक्षण को रोचक बनाने तथा बच्चों के अधिगम स्तर को बेहतर बनाने के उपायों पर विस्तार से चर्चा की गयी ।
खण्ड शिक्षा अधिकारी सत्य प्रकाश सिंह ने बताया कि एफएलएन मिशन का उद्देश्य परिषदीय स्कूलों के बच्चों में पढ़ने, लिखने और गणना करने की बुनियादी क्षमताओं का विकास करना है । इसके लिए शिक्षकों को व्यवहारिक एवं आधुनिक शिक्षण पद्धतियों का प्रशिक्षण दिया जा रहा है, जिससे विद्यालयों में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा सुनिश्चित हो सके ।
प्रशिक्षण में उपस्थित गौरा अध्यक्ष शैलेश पांडे ने कहा कि विभाग का प्रयास है कि प्रशिक्षण प्राप्त करने वाले सभी शिक्षक विद्यालयों में नवाचारों को अपनाते हुए बच्चों के सर्वांगीण विकास में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएं । एफएलएन प्रशिक्षण राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के उद्देश्यों को साकार करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल साबित हो रहा है ।
इस अवसर पर धर्मेंद्र बहादुर सिंह , त्रिलोकी शरण सिंह , दिनेश मिश्र , अनूप सिंह , मनीष दीक्षित आदि उपस्थित रहे । तकनीकी सहायक के रूप में सर्वेश पांडे व संदीप गौतम उपस्थित रहे ।
