मौलाना की पत्नी और बेटियों की मस्जिद में हत्या:बागपत में कमरे में मिली लाशें, पति अफगानी विदेश मंत्री के स्वागत में गए थे

बागपत में मौलाना की पत्नी और उनकी 2 बेटियों की हत्या कर दी गई। तीनों के शव मस्जिद के ऊपर बने कमरे में खून से लथपथ मिले। बताया जा रहा है कि वारदात के समय मौलाना अफगानिस्तान के विदेश मंत्री अमीर खान मुत्तकी का स्वागत करने सहारनपुर गए थे। वारदात दोघट थाना क्षेत्र के गांगनौली गांव की है। मस्जिद में नमाज पढ़ने गए लोगों ने शव देखकर पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने शवों को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा। मृतकों की पहचान मौलाना की पत्नी इसराना (30), बेटी सोफिया (5) और उमय्या (2) के रूप में हुई है। डीआईजी मेरठ कलानिधि नैथानी भी मौके पर पहुंचे। पुलिस जांच में मस्जिद के सभी सीसीटीवी बंद मिले। पुलिस को शक है कि तिहरा हत्याकांड किसी करीबी ने ही किया है। बाद में मौके पर पहुंचे मौलाना से भी पुलिस पूछताछ कर रही है। 5 तस्वीरें देखिए मस्जिद में नमाज पढ़ाते हैं मौलाना
मुजफ्फरनगर के सुन्ना गांव में रहने वाले मौलाना इब्राहिम गांगनोली गांव की मस्जिद में नमाज पढ़ाने का काम करते हैं। वह पत्नी इसराना, बेटी सोफिया और सुमय्या के साथ मस्जिद की ऊपरी मंजिल पर बने कमरे में रहते हैं। शनिवार सुबह करीब साढ़े 11 बजे गांव के कुछ लोग मस्जिद में नमाज पढ़ने पहुंचे। उन लोगों ने नमाज पढ़वाने के लिए मौलाना को आवाज लगाई। लेकिन, कोई रिस्पांस नहीं मिलने पर वे लोग ऊपर वाले कमरे में उन्हें देखने पहुंचे। तभी उनकी नजर कमरे के बाहर बहकर आ रहे खून पर पड़ी। गांववालों ने दरवाजा खोलकर देखा तो अंदर मौलाना की पत्नी और दोनों बच्चे खून से लथपथ पड़े थे। उनकी सांसें थम चुकी थीं। लोगों ने शोर मचाया, तो बड़ी संख्या में लोग मौके पर पहुंच गए। फिलहाल पुलिस ने आसपास के लोगों से पूछताछ शुरू कर दी है। फोरेंसिक टीम साक्ष्य जुटा रही है। सिर पर भारी हथियार से किया गया वार
तीनों के सिर पर भारी हथियार से वार किया गया है। सिर और चेहरे से ब्लड निकल रहा था। पूरे कमरे में खून ही खून फैला पड़ा था। तीनों शवों को देखने से साफ लग रहा है कि हत्या बेरहमी से पीट-पीटकर की गई है। वारदात के वक्त मौलाना इब्राहिम घर पर मौजूद नहीं थे। उनकी अनुपस्थिति का फायदा उठाकर इस जघन्य हत्याकांड को अंजाम दिया गया। भीड़ ने शव ले जाने से रोका, पुलिस से धक्का-मुक्की
मेरठ जोन के डीआईजी कलानिधि नैथानी के सामने पुलिस ने तीनों शवों को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजना चाहा। लेकिन, घरवालों ने विरोध कर दिया। वो लोग मामले का जल्द खुलासा कर आरोपी की गिरफ्तारी की मांग करने लगे। इस दौरान महिलाओं की पुलिस से धक्का-मुक्की भी हुई। डीआईजी के समझाने पर लोग माने। उसके बाद शवों को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा गया। पुलिस की जांच में पता चला है कि मस्जिद और कमरे के बाहर लगे सभी सीसीटीवी वारदात के समय बंद थे। पुलिस को शक है वारदात को किसी करीबी ने ही अंजाम दिया है। मस्जिद परिसर में ट्रिपल मर्डर की खबर से गांगनोली गांव और आसपास के क्षेत्रों में तनाव और भय का माहौल है। किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए गांव और मस्जिद के पास भारी पुलिस फोर्स तैनात किया गया है। डीआईजी मेरठ जोन कलानिधि नैथानी ने बताया- डॉग स्क्वायड को बुलाकर जांच कराई जा रही है। एसपी सूरज राय के नेतृत्व में टीम का गठन किया गया है। शुरुआती जांच में इस हत्याकांड में किसी नजदीकी या किसी परिचित के शामिल होने का शक है। पुलिस के सभी संसाधनों को हत्याकांड के वर्कआउट पर लगा दिया गया है। ——————————- ये भी पढ़ें… रामपुर सांसद बोले- आजम की हरकतें ओछी, डरूंगा नहीं: वो मुझे जयाप्रदा की तरह प्रताड़ित करने का ख्वाब देख रहे ‘जिस तरह से एक्ट्रेस जया प्रदा को प्रताड़ित किया गया, उसी तरह का कुछ लोग ख्वाब देख रहे हैं, लेकिन मुझे डराने की कोशिश न करें। रामपुर की जनता मेरे साथ खड़ी है। आजम खान ने 2024 के चुनाव का बहिष्कार किया, उनके लोगों ने बसपा को वोट दिया।’ ये कहना है रामपुर के समाजवादी पार्टी के सांसद मौलाना मोहिबुल्ला नदवी का। उन्होंने दैनिक भास्कर से कहा- पहले के लोगों ने रामपुर में एक मेडिकल कॉलेज तक नहीं बनवाया। पहले रामपुर खुशहाल शहरों में हुआ करता था। रामपुर में अब आजमवादी गैंग खत्म हो गया है। पढ़ें पूरी खबर…

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